Allah Aur Rasool Ke Pyare Muaawiya Naat Lyrics

 

अल्लाह और रसूल के प्यारे मुआविया / Allah Aur Rasool Ke Pyare Muaawiya

हैं आसमान-ए-रुश्द के तारे मुआविया
अल्लाह और रसूल के प्यारे मुआविया

ताज-ए-सहाबियत ने बड़ाई है उन की शान
सौंपी हसन ने उन को ख़िलाफ़त की आन-बान
होगा न कम किसी से वक़ार-ए-मुआविया

अल्लाह और रसूल के प्यारे मुआविया

हैं आसमान-ए-रुश्द के तारे मुआविया
अल्लाह और रसूल के प्यारे मुआविया

‘असहाबी कन-नुजूम’ है ऐलान-ए-मुस्तफ़ा
सब से वफ़ा करो ये है फ़रमान-ए-मुस्तफ़ा
है इस लिये हमारे तुम्हारे मुआविया

अल्लाह और रसूल के प्यारे मुआविया

हैं आसमान-ए-रुश्द के तारे मुआविया
अल्लाह और रसूल के प्यारे मुआविया

बज़्म-ए-सहाबियत के वो दोनों सिराज हैं
उन के निशान-ए-पा सर-ए-मोमिन के ताज हैं
बेशक अली हमारे, हमारे मुआविया

अल्लाह और रसूल के प्यारे मुआविया

हैं आसमान-ए-रुश्द के तारे मुआविया
अल्लाह और रसूल के प्यारे मुआविया

आक़ा ने उन को महदी-ओ-हादी की दी दुआ
ता हश्र जगमगाएगा वो जल्वा-ए-हुदा
है रहबरी पे अब भी मीनारे मुआविया

अल्लाह और रसूल के प्यारे मुआविया

हैं आसमान-ए-रुश्द के तारे मुआविया
अल्लाह और रसूल के प्यारे मुआविया

मिल्लत को अज़मतों की सहर बक़्श दीजिए
ऐ शाह! अपना फैज़-ए-नज़र बक़्श दीजिए
दामन फ़रीद भी है पसारे, मुआविया !

अल्लाह और रसूल के प्यारे मुआविया

हैं आसमान-ए-रुश्द के तारे मुआविया
अल्लाह और रसूल के प्यारे मुआविया

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