हश्र में फिर मिलेंगे मेरे दोस्तों

 

हश्र में फिर मिलेंगे मेरे दोस्तों
बस यही है मक़ाम आखरी आखरी

केहना सब जीतेजी के हैं शिक़वे गिले
आज से ख़त्म दुनियां के सब सिलसिले
शम्मअ ढलने को है दम निकलने को है
अब है किस्सा तमाम आखरी आखरी

हश्र में फिर मिलेंगे मेरे दोस्तों
बस यही है मक़ाम आखरी आखरी

मुझको नहला के पहना दिया है क़फ़न
रो चुके मिलके माँ बाप भाई बहन
मौत भी दोस्तों आज हैरत में है
अब है किस्सा तमाम आखरी आखरी

हश्र में फिर मिलेंगे मेरे दोस्तों
बस यही है मक़ाम आखरी आखरी

खुश्बुओं में क़फ़न को बसाने लगे
मेरी मैय्यत को दुल्हा बनाने लगे
दोस्तों अब उठाओ जनाज़ा मेरा
हो चुका इंतजाम आखरी आखरी

हश्र में फिर मिलेंगे मेरे दोस्तों
बस यही है मक़ाम आखरी आखरी

मुझको ज़ेरे ज़मीन यार दफ़ना चले
किस कदर संगदिल होके फरमा चले
दोस्तों चैन की नींद सोते रहो
बस यही है मक़ाम आखरी आखरी

हश्र में फिर मिलेंगे मेरे दोस्तों
बस यही है मक़ाम आखरी आखरी

कैसी दुनिया है ख़ुर्शीद गज़ब रे गज़ब
चंद दिनों में यहाँ भूल जाते हैं सब
जिस बहाने मेरी याद आजाये तो
पढ़ने लगा ये कलाम आखरी आखरी

हश्र में फिर मिलेंगे मेरे दोस्तों
बस यही है मक़ाम आखरी आखरी

ज़िन्दगी ने जहां तक वफ़ा की रही
चल दिए अब सलाम आखरी आखरी

हश्र में फिर मिलेंगे मेरे दोस्तों
बस यही है मक़ाम आखरी आखरी

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